عیسائیت
واپس

ज़बूर 115

1ऐ रब, हमारी ही इज़्ज़त की ख़ातिर काम न कर बल्कि इसलिए कि तेरे नाम को जलाल मिले, इसलिए कि तू मेहरबान और वफ़ादार ख़ुदा है।

2दीगर अक़वाम क्यों कहें, “उनका ख़ुदा कहाँ है?”

3हमारा ख़ुदा तो आसमान पर है, और जो जी चाहे करता है।

4उनके बुत सोने-चाँदी के हैं, इनसान के हाथ ने उन्हें बनाया है।

5उनके मुँह हैं लेकिन वह बोल नहीं सकते। उनकी आँखें हैं लेकिन वह देख नहीं सकते।

6उनके कान हैं लेकिन वह सुन नहीं सकते, उनकी नाक है लेकिन वह सूँघ नहीं सकते।

7उनके हाथ हैं, लेकिन वह छू नहीं सकते। उनके पाँव हैं, लेकिन वह चल नहीं सकते। उनके गले से आवाज़ नहीं निकलती।

8जो बुत बनाते हैं वह उनकी मानिंद हो जाएँ, जो उन पर भरोसा रखते हैं वह उन जैसे बेहिसो-हरकत हो जाएँ।

9ऐ इसराईल, रब पर भरोसा रख! वही तेरा सहारा और तेरी ढाल है।

10ऐ हारून के घराने, रब पर भरोसा रख! वही तेरा सहारा और तेरी ढाल है।

11ऐ रब का ख़ौफ़ माननेवालो, रब पर भरोसा रखो! वही तुम्हारा सहारा और तुम्हारी ढाल है।

12रब ने हमारा ख़याल किया है, और वह हमें बरकत देगा। वह इसराईल के घराने को बरकत देगा, वह हारून के घराने को बरकत देगा।

13वह रब का ख़ौफ़ माननेवालों को बरकत देगा, ख़ाह छोटे हों या बड़े।

14रब तुम्हारी तादाद में इज़ाफ़ा करे, तुम्हारी भी और तुम्हारी औलाद की भी।

15रब जो आसमानो-ज़मीन का ख़ालिक़ है तुम्हें बरकत से मालामाल करे।

16आसमान तो रब का है, लेकिन ज़मीन को उसने आदमज़ादों को बख़्श दिया है।

17ऐ रब, मुरदे तेरी सताइश नहीं करते, ख़ामोशी के मुल्क में उतरनेवालों में से कोई भी तेरी तमजीद नहीं करता।

18लेकिन हम रब की सताइश अब से अबद तक करेंगे। रब की हम्द हो!

ذریعہ: किताबे-मुक़द्दस

WEBREATH · 11:11

«He himself gives everyone life and breath and everything else» — Acts 17:25

Breath is one for all: everyone lives by it, whoever they are and whatever they believe. Every day at 11:11 local time people stop for sixty seconds, breathe, and thank GOD for the breath — each in their own words, each within themselves. In that minute we are One Breath.

WEBREATH — the Minute at 11:11, your own local time — we are One Breath